💥 राजा लौहगुंडी कौन थे? अगरिया जनजाति का उनसे क्या संबंध है? (विस्तृत जानकारी)💥 राजा लौहगुंडी:👉अगरिया जनजाति की लोकपरंपरा के नायक अगरिया जनजाति की मौखिक परंपराओं, लोककथाओं और धार्मिक विश्वासों में राजा लौहगुंडी (लोगुंडी राजा) को अत्यंत महत्वपूर्ण स्थान प्राप्त है। उन्हें लौह-विद्या के संरक्षक, महान शासक और अगरिया समाज के आदर्श पूर्वज के रूप में याद किया जाता है। यह ध्यान रखना आवश्यक है कि राजा लौहगुंडी से संबंधित अधिकांश विवरण लोककथाओं और पारंपरिक मान्यताओं पर आधारित हैं। इन्हें समुदाय की सांस्कृतिक स्मृति का हिस्सा माना जाता है, न कि सभी प्रसंगों को ऐतिहासिक रूप से प्रमाणित तथ्य। 1. राजा लौहगुंडी कौन थे? अगरिया समाज की मान्यता के अनुसार राजा लौहगुंडी एक शक्तिशाली असुर राजा थे। उनका राज्य लोहागुंडी (या लोहरीपुर) कहलाता था, जिसे लौह-कला, धातु विज्ञान और समृद्धि का केंद्र माना जाता है। लोककथाओं में इस राज्य का वर्णन एक ऐसी नगरी के रूप में मिलता है जहाँ लोहे के उपयोग और निर्माण की अद्भुत परंपरा विकसित थी। समाज की धार्मिक मान्यताओं में उन्हें लोहासुर से जुड़ा हुआ...
ज़िला अनूपपुर मे वृक्षारोपण 5 जून 2022 को राष्ट्रीय लौह प्रगलक अगरिया समाज महासंघ भारत के मार्गदर्शन मे ll
राष्ट्रीय लौह प्रगलक अगरिया समाज महासंघ भारत के की ओर से 5 जून विश्व पर्यावरण दिवस पर सम्पूर्ण भारत अंतर्गत संगठन से जुड़ें सभी जिलों मे वृहद स्तर पर वृक्षारोपण का कार्यक्रम संपन्न हुआ जहाँ ज़िला के प्रत्येक ब्लॉक मे कम कम 10 पौधे का रोपण करना था जहाँ आज मै आपको ज़िला अनूपपुर मे हुए वृक्षारोपण रोपण का छाया चित्र लाया हु ll जहाँ मै एवं मेरा परिवार मिलकर वृक्षारोपण किये ll तथा हमारे जिले के सभी 4 ब्लॉक से वृक्षारोपण हुआ ll जिसमे कोतमा ब्लॉक से ब्लॉक अध्यक्ष श्री मयाराम अगरिया जी, अनूपपुर ब्लॉक से मै एवं मेरा पूरा परिवार, एवं पार्वती अगरिया, पुष्पराज गढ़ से ब्लॉक अध्यक्ष माखन अगरिया जी एवं उनकी पूरी टीम, तथा जैतहरी ब्लॉक से भगवान दास अगरिया जी ने वृक्षारोपण किये ll वृक्षारोपण एक सार्वजानिक राष्ट्रीय हित का कार्य है ll वृक्ष हमें फल, लकड़ी, छाया एवं कई सुविधाएं प्रदान करते है ll पर्यावरण को सुरक्षित करना हमारा प्रथम कर्तव्य है जहाँ आज अगरिया समाज की ओर से ये कदम उठाया गया ll और अगरिया समाज प्रति वर्ष सम्पूर्ण भारत अंतर्गत संगठन की ओर से वृक्षारोपण करेंगा ll आपको हम हर जिले मे हुए वृक्षारो...