💥 राजा लौहगुंडी कौन थे? अगरिया जनजाति का उनसे क्या संबंध है? (विस्तृत जानकारी)💥 राजा लौहगुंडी:👉अगरिया जनजाति की लोकपरंपरा के नायक अगरिया जनजाति की मौखिक परंपराओं, लोककथाओं और धार्मिक विश्वासों में राजा लौहगुंडी (लोगुंडी राजा) को अत्यंत महत्वपूर्ण स्थान प्राप्त है। उन्हें लौह-विद्या के संरक्षक, महान शासक और अगरिया समाज के आदर्श पूर्वज के रूप में याद किया जाता है। यह ध्यान रखना आवश्यक है कि राजा लौहगुंडी से संबंधित अधिकांश विवरण लोककथाओं और पारंपरिक मान्यताओं पर आधारित हैं। इन्हें समुदाय की सांस्कृतिक स्मृति का हिस्सा माना जाता है, न कि सभी प्रसंगों को ऐतिहासिक रूप से प्रमाणित तथ्य। 1. राजा लौहगुंडी कौन थे? अगरिया समाज की मान्यता के अनुसार राजा लौहगुंडी एक शक्तिशाली असुर राजा थे। उनका राज्य लोहागुंडी (या लोहरीपुर) कहलाता था, जिसे लौह-कला, धातु विज्ञान और समृद्धि का केंद्र माना जाता है। लोककथाओं में इस राज्य का वर्णन एक ऐसी नगरी के रूप में मिलता है जहाँ लोहे के उपयोग और निर्माण की अद्भुत परंपरा विकसित थी। समाज की धार्मिक मान्यताओं में उन्हें लोहासुर से जुड़ा हुआ...
राष्ट्रीय लौह प्रगलक अगरिया समाज महासंघ भारत द्वारा दशगात्र सहायता राशि शोकाकुल परिवार को प्रदाय किया गया ll
राष्ट्रीय लौह प्रगलक अगरिया समाज महासंघ भारत द्वारा दशगात्र सहायता राशि शोकाकुल परिवार को प्रदाय किया गया ll ----------------------------------------------- राष्ट्रीय लौह प्रगलक अगरिया समाज महासंघ भारत अगरिया समाज के उत्थान एवं विकास के लिए कई उद्देश्यों को लेकर कार्य कर रहा है (जैसे शिक्षा सहायता, नशा मुक्ति, 10 वी 12 वी मे अच्छे अंक लाने पर बच्चे एवं माता पिता को प्रोत्साहित करना जैसे कई उदेश्य ) जिसमे से एक उद्देश्य है की अगरिया समाज का यदि कोई व्यक्ति संगठन से जुडा है चाहे कोई भी जिला हो राज्य हो उस स्थिति मे यदि परिवार मे कोई शोक सन्देश जैसे समाचार आते है तो राष्ट्रीय लौह प्रगलक अगरिया समाज महासंघ की ओर से मृत्यु सहायता सहयोग राशि भी राष्ट्रीय संगठन की ओर से प्रदाय किया जाता है ll ऐसे कई सहयोग संगठन की ओर से विगत वर्षो मे संगठन की ओर से कई परिवार को किये गए है ll ऐसा ही एक शोक सन्देश दिनांक 17/11/22 हुआ था जिला कोरबा से कमल सिंह अगरिया जी जो की संगठन के बहुत अच्छे कार्यकर्त्ता रहे है जिनका आकस्मिक निधन उक्त दिनांक को हुआ था जिनका दशगात्र कार्यक्रम दिनांक ...